आपको फैटी लिवर मुख्य रूप से लंबे समय तक मोटापे और कम शारीरिक गतिविधि के कारण हुआ है। आयुर्वेद में, यह अधिक मेद धातु (शरीर की चर्बी) और कमजोर पाचन (अग्नि) से संबंधित है।
उपचार:
1) टैबलेट आरोग्यवर्धिनी वटी – 2 टैबलेट भोजन के बाद दिन में दो बार
2) टैबलेट पुनर्नवा मंडूर – 2 टैबलेट भोजन के बाद दिन में दो बार
3) सिल लिवटोन – 2 चम्मच भोजन के बाद दिन में दो बार
4) त्रिफला चूर्ण – 3 ग्राम गर्म पानी के साथ रात में
5) हरिद्रा चूर्ण – 3 ग्राम गुनगुने दूध के साथ रात में
अवधि: 1 महीना
आहार:
तले हुए, तैलीय, चीनी, बेकरी, प्रोसेस्ड फूड से बचें।
शराब नहीं।
जल्दी और हल्का डिनर।
जौ, बाजरा, हरी सब्जियाँ, मूंग दाल को प्राथमिकता दें।
दिन भर गर्म पानी पिएं।
अनुसरण करें:
तेज चलना 30-40 मिनट रोजाना
सूर्य नमस्कार 5 राउंड
कपालभाति 5 मिनट रोजाना
1 महीने बाद फॉलो-अप करें
1 महीने बाद LFT दोबारा करें।