शराब और तंबाकू छोड़ने में शुरुआत के 2–6 सप्ताह कठिन हो सकते हैं, इसलिए परिवार का सहयोग जरूरी है। Take Ashwagandha churna 5 gm रात को दूध के साथ Brahmi Vati 1 गोली सुबह-शाम Sarpagandha Vati 1 गोली रात को केवल यदि बेचैनी/नींद की समस्या हो Triphala churna 3 gm रात को गुनगुने पानी से तंबाकू की craving में: सौंफ, इलायची, लौंग चबाएं अधिक पानी पिएं चाय-कॉफी कम करें Diet घी, फल, नारियल पानी, मूंग खिचड़ी लें शराब/तंबाकू अचानक छोड़ने पर ज्यादा घबराहट, कांपना, पसीना या BP बढ़े तो physician/de-addiction specialist से तुरंत मिलें
शराब और तंबाकू की आदत छोड़ना संभव है, लेकिन 5 साल से नियमित सेवन होने के कारण इसे अचानक बंद करने पर कुछ लोगों में withdrawal symptoms (घबराहट, कंपकंपी, बेचैनी, BP बढ़ना, नींद न आना आदि) हो सकते हैं। इसलिए सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से उपचार करना बेहतर रहता है। सबसे पहले ध्यान देने योग्य बातें शराब धीरे-धीरे कम कराकर बंद कराना अधिक सुरक्षित रहता है। पर्याप्त नींद, पानी, हल्का सुपाच्य भोजन और परिवार का सहयोग बहुत जरूरी है। जीवनशैली सुबह खाली पेट गुनगुना पानी। प्रतिदिन 30–40 मिनट तेज चलना। शराब पीने वाले साथियों और माहौल से कुछ समय दूरी। craving आने पर सौंफ, लौंग, इलायची या शुगर-फ्री chewing gum दें। प्राणायाम: अनुलोम-विलोम, भ्रामरी 10 मिनट। शराब और तंबाकू छोड़ने वाले व्यक्ति के लिए सामान्य अच्छा आहार (Diet Plan) सुबह उठते ही गुनगुना पानी 4–5 भीगे हुए बादाम + 1–2 अखरोट यदि कब्ज हो तो 1 चम्मच किशमिश भिगोकर नाश्ता मूंग दाल चीला / पोहा / उपमा / दलिया ताजा फल: सेब, पपीता, अमरूद, अनार छाछ या हल्का दूध बीच में नारियल पानी / नींबू पानी / छाछ भुना चना या मखाना दोपहर का भोजन घर का ताजा भोजन मूंग या मसूर दाल 1 कटोरी सब्जी रोटी + थोड़ा घी सलाद (खीरा, गाजर, चुकंदर) छाछ शाम हर्बल चाय / ग्रीन टी फल या sprouts रात का भोजन हल्का और जल्दी भोजन (7–8 बजे तक) खिचड़ी / दलिया / हल्की दाल-रोटी ज्यादा तेल-मसाला न लें क्या खाना फायदेमंद रहेगा प्रोटीन: मूंग, दालें, पनीर, sprouts Liver support: चुकंदर, गाजर, आंवला शरीर की कमजोरी के लिए: खजूर सीमित मात्रा में, मुनक्का Vitamin C: आंवला, नींबू, संतरा क्या बिल्कुल कम या बंद करें शराब, तंबाकू, सिगरेट बहुत तीखा, तला-भुना भोजन packaged foods, cold drinks ज्यादा चाय-कॉफी देर रात खाना विशेष सलाह दिनभर पर्याप्त पानी पिएँ रोज़ 30 मिनट चलना अच्छी नींद बहुत जरूरी है भूखे न रहें, वरना craving बढ़ सकती है ?? दवाइयाँ: Panchendriya Vardhan Tailam सुबह खाली पेट प्रत्येक नाक में 2-2 बूंद डालें। Cap. Memorin 2 कैप्सूल दिन में दो बार भोजन से पहले लें। Syp. Prasham रात को सोते समय 4 चम्मच गुनगुने पानी के साथ लें। Tab. Manasmitra Vatakam रात को सोते समय 2 गोलियाँ लें। Ashwagandhadi leham सुबह जल्दी दूध के साथ 1 चम्मच लें।
1. यकृत और पाचन तंत्र की सुरक्षा (Liver & Digestive Support) शराब का सबसे सीधा असर यकृत (Liver) पर पड़ता है। लीवर को डिटॉक्स करने और पाचक अग्नि को ठीक करने के लिए: ••भूम्यामलकी (भुईं आंवला): यह लीवर की कोशिकाओं को पुनर्जीवित करने के लिए सर्वश्रेष्ठ औषधि है। इसका आधा चम्मच चूर्ण सुबह-शाम खाली पेट गुनगुने पानी से दें। ••लिव-52 डीएस (Liv-52 DS) या अमलीक्योर डीएस (Amlokyure DS): 1-1 टैबलेट दिन में दो बार, भोजन के बाद। ••पुनर्नवादि मंडूर / कुटकी: यदि शरीर में हल्की सूजन या भारीपन रहता हो, तो किसी नजदीकी डॉक्टर की सलाह से इसे शामिल करें। 2. मानसिक शक्ति और तंत्रिका तंत्र को सुदृढ़ करना (Nervous System Support) शराब और तंबाकू की तलब (Cravings) को कम करने और मानसिक तनाव को नियंत्रित करने के लिए: ••अश्वगंधा और शतावरी चूर्ण: आधा-आधा चम्मच मिलाकर रात को सोते समय गुनगुने दूध के साथ दें। यह शरीर की कमजोरी दूर करेगा और विथड्रॉल के कारण होने वाली घबराहट को शांत करेगा। ••ब्राह्मी वटी या मेधा वटी: 1-1 गोली सुबह-शाम पानी के साथ। यह मस्तिष्क को शांत रखेगी और नींद की गुणवत्ता में सुधार करेगी। 3. तंबाकू और शराब की ‘तलब’ (Cravings) को कम करने के घरेलू उपाय जब भी उन्हें शराब या तंबाकू की तीव्र इच्छा हो, तो उनके हाथ में तुरंत ये विकल्प दें: ••अदरक और नींबू का प्रयोग: अदरक के छोटे-छोटे टुकड़े काट लें, उस पर नींबू का रस और थोड़ा सा काला नमक छिड़क कर धूप में सुखा लें। जब भी तंबाकू या शराब की तलब हो, एक टुकड़ा मुँह में रखकर चूसने को कहें। अदरक में मौजूद सल्फर लत को कम करने में मदद करता है। सौंफ, अजवाइन और इलायची: सूखी सौंफ और अजवाइन को हल्के तवे पर भूनकर रख लें। इसमें थोड़ी मिश्री और हरी इलायची मिला लें। इसका सेवन मुखशुद्धि के रूप में बार-बार कराएं। ••हर्बल चाय: अर्जुन की छाल और दालचीनी की चाय बनाकर दिन में एक बार दे सकते हैं, जो हृदय और रक्तचाप को भी संतुलित रखेगी। 4. आहार और जीवनशैली (Diet & Lifestyle) सात्विक भोजन: उनके भोजन में मूंग की दाल, लौकी, तोरई, परवल, और दलिया जैसी सुपाच्य चीजें शामिल करें। तीखा, कड़वा, खट्टा और अत्यधिक तैलीय भोजन (जो पित्त बढ़ाए) पूरी तरह बंद कर दें। ••तरल पदार्थ: उन्हें दिनभर में पर्याप्त पानी, नारियल पानी, या नींबू पानी दें ताकि शरीर के टॉक्सिंस (विषाक्त पदार्थ) पेशाब के रास्ते बाहर निकल सकें। ••प्राणायाम: सुबह के समय उन्हें 10-15 मिनट अनुलोम-विलोम और भ्रामरी प्राणायाम करने के लिए प्रेरित करें। इससे इच्छाशक्ति (Will power) मजबूत होती है और मानसिक भटकाव कम होता है।