1 साल के बच्चे को छाती में जकड़न और खांसी होने पर किसी भी घरेलू उपाय को सावधानी से अपनाना जरूरी है। शुरुआत में, सरसों के तेल की गर्म मालिश पीठ और छाती पर करने पर विचार करें। सरसों का तेल जकड़न को कम करने में मदद करता है। तेल को हल्का गर्म करें और अपनी उंगलियों से बच्चे की छाती और पीठ पर मालिश करें, ताकि तेल त्वचा में समा सके और श्वसन मार्ग को आराम दे सके। ध्यान रखें कि तेल सिर्फ गर्म हो, ज्यादा गर्म न हो, ताकि त्वचा में जलन या जलने से बचा जा सके।
लहसुन और अजवाइन का उपयोग प्राकृतिक छाती रगड़ के लिए किया जा सकता है। दो लहसुन की कलियों और एक चम्मच अजवाइन को थोड़े से नारियल तेल में हल्का भूनें, ताकि इस मिश्रण की गर्मी त्वचा के माध्यम से अवशोषित हो सके। इस मिश्रण को एक साफ मलमल के कपड़े में लपेटें और इसे अपने बच्चे की छाती पर एक संपीड़न के रूप में उपयोग करें। ध्यान रखें कि यह बहुत गर्म न हो।
एक और हल्का उपाय तुलसी के पत्तों के गुणों पर विचार करता है। आप हल्की तुलसी की चाय बना सकते हैं। हालांकि, याद रखें कि इतने छोटे बच्चे के लिए, केवल बहुत थोड़ी मात्रा—लगभग एक चम्मच हल्के से उबले हुए तुलसी के पानी—को ही देना चाहिए, यह सुनिश्चित करते हुए कि यह किसी आवश्यक तरल या भोजन को प्रतिस्थापित न करे।
सुनिश्चित करें कि आपका बच्चा ठीक से हाइड्रेटेड है। गर्म तरल पदार्थ गले के लिए आरामदायक हो सकते हैं, अगर वे आपके बच्चे के दैनिक आहार में स्वीकार्य हों।
किसी भी घरेलू उपाय को आजमाने से पहले अपने बाल रोग विशेषज्ञ से परामर्श करें, क्योंकि कुछ शिशुओं के लिए उपयुक्त नहीं हो सकते। बुखार, सांस लेने में कठिनाई, या गतिविधि स्तर में कमी जैसे लक्षणों की निरंतरता या बिगड़ने पर ध्यान दें—अगर ये होते हैं, तो बिना देरी के चिकित्सा सहायता लें।